फर्जी एवं बिना बिलों के माध्यम से करोडों रूपए की टैक्स चोरी के मामले में एक व्यक्ति अरेस्ट

किशनगढ़/जयपुर। राजस्थान में मार्बल एवं ग्रेनाईट उद्योग से संबन्धित आकड़ों को विभागीय बीफा पोर्टल पर विश्लेषण करने पर वाणिज्यिक कर विभाग ने सर्वाधिक फर्जी फर्मों के जीएसटी पंजीयन का निरस्तीकरण अजमेर जिले में स्थित मार्बल सिटी किशनगढ़ में होना पाया गया और फर्जी एवं बिना बिलों के माध्यम से करोडों रूपए की टैक्स चोरी के मामले में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया हैं।

राज्य कर, प्रवर्तन शाखा-प्रथम के अतिरिक्त आयुक्त शालीन उपाध्याय ने बताया कि गहन विश्लेषण पर कुछ करदाता फर्मों के द्वारा असामान्य रूप से ई-वे बिलों का सृजन करना एवं उस सप्लाई एवं उसके कर को रिटर्न में घोषित तथा जमा नहीं करना पाया गया है।

इन मामलों की गहनता से जांच कर प्रवर्तन शाखा-प्रथम ने फर्म मैसर्स श्री श्याम स्टोनेक्स, के प्रोपराईटर दीपक कुमार सेन के व्यवसाय स्थल, निवास एवं फर्म मैसर्स गुप्ता मार्बल एण्ड ग्रेनाईट के व्यवसाय स्थल पर गुरुवार को निरीक्षण किया गया।

इन फर्मों के माध्यम से बिना बिलों के माल को खरीद कर विकास सेन ने फर्जी बिल एवं ई-वे बिल के माध्यम से अथवा बिना बिलों के लगभग 41 करोड़ रूपए के मार्बल एवं ग्रेनाईट को विक्रय किया तथा इस विक्रय पर लगभग 7.45 करोड़ रूपए की टैक्स चोरी जीएसटी अधिनियम के प्रावधानों के विरूद्ध किए जाने पर प्रवर्तन शाखा-प्रथम राजस्थान जयपुर को मुख्य आयुक्त प्रकाश राजपुरोहित ने विकास सेन की गिरफ्तारी आदेश जारी किए। इसके बाद इस मामले में विकास सेन को शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया गया। इस प्रकरण में विस्तृत जांच विचाराधीन है।